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#Health – डेंगू बुखार, मलेरिया बुखार, चिकनगुनिया, लीवर, पाचन तंत्र, डायबीटीज इत्यादि के लिए पपीता अद्भुत लाभकारी

कैंसर के खतरों को कम करता है

Cancer-#Health – पपीता अद्भुत लाभकारी
Cancer-#Health – पपीता अद्भुत लाभकारी

पपीता के पत्तों से निकाले जाने वाले प्रमुख एंटी-कैंसर गुणों का प्रमुख कारण इसकी मिश्रित एसीटोजिनिन के कारण होता है।

पपीता पत्तियों में एंजाइम यकृत कैंसर, फेफड़े के कैंसर, अग्नाशयी कैंसर और स्तन कैंसर से लड़ सकते हैं।

पपीता के पत्थरों के विरोधी भड़काऊ गुण भी सूजन और कीमोथेरेपी दुष्प्रभाव को कम करने में सहायक हो सकता है।

पपीता की पत्ती जूस के रूप में

आप पपीता के पत्तियों को रस के रूप में बना सकते हैं। इसके लिए यहां दिए गए कुछ कदम हैं कि कैसे पपीता के पत्ते का रस बनाये।

पपीते के पतियों को कम से कम 3 बार साफ पानी से धो लें। फिर अपने जूसर मिक्सिर के जार पर कई पपीता के पत्तो के टुकड़े रखें।

लगभग 10 टुकड़ों के पत्ते पर्याप्त हो सकते हैं।

फिर थोडा पानी डालें और मिक्सर को चलाये जब तक पत्तियाँ काफी बारीक़ हो जाये।

इसके बाद इसमें पत्तियों और मिक्सर जार के हिसाब से पीने वाला पानी डाल के और मिक्स करें इसके बाद, इसे एक गिलास में डालें और आप तुरंत इसे पी सकते हैं।

अगर आप तुरंत इसे उपभोग नहीं करना चाहते हैं, तो आप इसे बनाने के 4 दिनों तक इसे ठंडा कर सकते हैं।

पपीता की पत्ती जूस को पीने का तरीका

सुबह खली पेट लें अगर बच्चें है तो 5ml से 15ml तक और अगर बड़े है तो 20ml से 100ml तक।

उससे अधिक भी जरूरत के हिसाब से दिया जा सकता है।

पपीते के पत्तियों आत्याधिक कडवी होने के कारण आपको इसके तुरंत बाद आप पानी या शहद या और जो आप खाना चाहें ले सकते है।

नोट : अगर आप पपीता और पपीता की पत्ती के जूस को अपने रोज के खाने में शामिल करते है।

इसका आपके स्वास्थ पर बहुत ही अनकूल प्रभाव होगा जिससे आप निरोगी जीवन की तरफ आप का एक कदम होगा।